बंशीधर भगत का बयान: 'सिर्फ मोदी-मोदी से नहीं चलेगा काम, 2027 में बढ़ सकती हैं मुश्किलें'
The post …,तो सिर्फ ‘मोदी-मोदी’ से नहीं चलेगा काम-बंशीधर appeared first on Avikal Uttarakhand. त्राहिमाम… त्राहिमाम.. 2027 में बढ़ सकती हैं मुश्किलें – बंशीधर भगत विधायक के बयान को कांग्रेस ने लपका हल्द्वानी में जिला योजना बैठक के दौरान भाजपा विधायक का बड़ा बयान… The post …,तो सिर्फ ‘मोदी-मोदी’ से नहीं चलेगा काम-बंशीधर appeared first on Avikal Uttarakhand.
बंशीधर भगत का बयान: 'सिर्फ मोदी-मोदी से नहीं चलेगा काम, 2027 में बढ़ सकती हैं मुश्किलें'
Breaking News, Daily Updates & Exclusive Stories - Haqiqat Kya Hai
कम शब्दों में कहें तो, उत्तराखंड में भाजपा विधायक बंशीधर भगत ने कहा है कि केवल मोदी-मोदी के नारे से काम नहीं चलेगा और जल जीवन मिशन की धीमी प्रगति से जमीनी समस्याएं बढ़ सकती हैं।
हल्द्वानी/देहरादून। उत्तराखंड में भाजपा विधायक बंशीधर भगत ने अपनी ही सरकार की योजनाओं पर सवाल उठाते हुए कहा है कि अगर जमीनी समस्याओं का समाधान नहीं हुआ, तो 2027 के चुनाव में स्थिति मुश्किल हो सकती है। उन्होंने कहा कि केवल 'मोदी-मोदी' कहकर काम नहीं चलने वाला। हाल ही में जिला योजना समिति की बैठक में उनके इस बयान ने राजनीतिक पंडाल में हलचल मचा दी है।
जल जीवन मिशन पर नाराजगी
बंशीधर भगत ने जल जीवन मिशन की धीमी प्रगति के मुद्दे को उठाते हुए कहा कि उनके क्षेत्र में मिशन की स्थिति बेहद चिंताजनक है। उन्होंने कहा, "पहले सड़कों को खोदा गया, फिर नलकूप और ओवरहेड टैंक बनाए जा रहे हैं, लेकिन तीन साल बाद भी काम अधूरा है। पाइप बिछ गए लेकिन नलों में पानी नहीं है। इससे आम लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।"
उन्होंने यह भी कहा कि इस समस्या के लिए अधिकारियों को दोष देना उचित नहीं है, बल्कि असली समस्या बजट की कमी है। बंशीधर भगत ने प्रभारी मंत्री खजान दास से आग्रह किया कि या तो पर्याप्त बजट उपलब्ध कराया जाए या कुछ कार्यों को अस्थायी रूप से रोका जाए ताकि प्राथमिक योजनाएं पूरी की जा सकें।
कांग्रेस ने लपका बयान
भाजपा विधायक के इस बयान ने कांग्रेस के नेताओं को हमला करने का एक नया मौका दे दिया है। कांग्रेस के नेता करन माहरा ने इस पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि बंशीधर का बयान भाजपा सरकार की असलियत को उजागर करता है। उन्होंने कहा, "सरकार ने कई बड़े दावे किए हैं, लेकिन जमीनी स्तर पर हालात अलग हैं।" माहरा ने यह भी आरोप लगाया कि बेरोजगारी, पलायन, और स्वास्थ्य सेवाओं की कमी जैसे मुद्दों पर सरकार ने कोई ठोस कार्रवाई नहीं की है।
चुनावों की तैयारी
बंशीधर भगत का यह बयान इसलिए भी महत्वपूर्ण है क्योंकि यह दर्शाता है कि भाजपा के भीतर भी असंतोष की लहर है। जब पार्टी के अपने ही नेता कहते हैं कि जंगल में नहीं केवल नारे चाहिए, तो यह दर्शाता है कि लोगों के पास विकल्प है और वे अब बदलाव की जरूरत महसूस कर रहे हैं।
कुल मिलाकर, बंशीधर भगत का यह बयान भाजपा के लिए चेतावनी है कि यदि उनके द्वारा किए गए चुनावी वादों को पूरा नहीं किया गया, तो 2027 का चुनाव चुनौतीपूर्ण हो सकता है। उन्हें केवल मोदी के नाम का सहारा नहीं लेना होगा, बल्कि ठोस विकास कार्य भी करने होंगे।
टिप्पणी लेखक: सुभा तिवारी द्वारा
हमेशा अपडेट रहने के लिए हमसे जुड़े रहें: Haqiqat Kya Hai
Team Haqiqat Kya Hai
What's Your Reaction?