उत्तराखण्ड की गौरवशाली विरासत: राष्ट्रभक्ति पर गर्व
The post ‘उत्तराखण्ड की राष्ट्रभक्ति की गौरवशाली विरासत पर गर्व’ appeared first on Avikal Uttarakhand. सीएम ने प्रदेशवासियों को दी स्वतंत्रता दिवस की शुभकामनाएँ अविकल उत्तराखण्ड देहरादून।।मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने प्रदेशवासियों को स्वतंत्रता दिवस की शुभकामनाएँ दी हैं। देश की स्वतंत्रता के लिए अपना… The post ‘उत्तराखण्ड की राष्ट्रभक्ति की गौरवशाली विरासत पर गर्व’ appeared first on Avikal Uttarakhand.
उत्तराखण्ड की गौरवशाली विरासत: राष्ट्रभक्ति पर गर्व
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कम शब्दों में कहें तो, उत्तराखण्ड ने स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर अपनी राष्ट्रभक्ति की गौरवशाली विरासत पर गर्व व्यक्त किया है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने प्रदेशवासियों को स्वतंत्रता दिवस की शुभकामनाएँ देते हुए उनके योगदान की सराहना की।
देहरादून से मिली ख़बर के अनुसार, मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर प्रदेशवासियों को अपनी शुभकामनाएँ भेंजी। उन्होंने उन सभी स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों, अमर शहीदों और राज्य आंदोलनकारियों को श्रद्धांजलि दी, जिन्होंने देश के लिए अपना सर्वस्व बलिदान किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखण्ड की जनता, जो विकास में निरंतर योगदान कर रही है, के प्रति वह आभार व्यक्त करना चाहते हैं।
राष्ट्रभक्ति और सैन्य परंपरा का गौरव
स्वतंत्रता दिवस की पूर्व संध्या पर अपने संदेश में, मुख्यमंत्री ने उत्तराखण्ड की सैन्य परंपरा और राष्ट्रभक्ति की गौरवशाली विरासत पर गर्व का इज़हार किया। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में, उत्तराखण्ड विकास की नई ऊँचाइयों की ओर बढ़ रहा है। लगभग दो लाख करोड़ रुपये की विभिन्न विकास योजनाओं पर कार्य चल रहा है जो राज्य को एक नई दिशा प्रदान कर रहा है।
नवीन नीतियों का आगाज़
मुख्यमंत्री ने बताया कि राज्य सरकार ने औद्योगिक विकास और निवेश को प्रोत्साहित करने के लिए 30 से अधिक नई नीतियाँ लागू की हैं। मुख्यमंत्री सीमांत क्षेत्र विकास योजना और वाइब्रेंट विलेज योजना के माध्यम से सीमावर्ती क्षेत्रों के विकास को प्राथमिकता दी जा रही है। 'हाउस ऑफ हिमालयाज' ब्रांड के साथ, स्थानीय उत्पादों को बाजारों में लाने के प्रयास जारी हैं।
कानून और समाजिक सुधार
उत्तराखण्ड समान नागरिक संहिता लागू करने वाला पहला राज्य बना है। मुख्यमंत्री ने यह भी बताया कि प्रदेश में सख्त भू-कानून और नकल विरोधी कानून लागू किए गए हैं। भर्ती प्रक्रियाओं में पारदर्शिता और समयबद्धता सुनिश्चित की जा रही है, जिसके परिणामस्वरूप पिछले पांच वर्षों में 34 हजार से अधिक नियुक्तियाँ की गई हैं।
शिक्षा के क्षेत्र में महत्वपूर्ण कदम
दून विश्वविद्यालय में सेंटर फॉर हिन्दू स्टडीज की स्थापना की गई है, जिससे भारतीय संस्कृति और इतिहास का अध्ययन किया जा सके। उत्तराखण्ड हाल ही में पूर्ण साक्षर राज्य घोषित हुआ है, जो शिक्षा के क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है।
पर्यटन और विकास की नई दिशा
उत्तराखण्ड की पहचान अब देश के प्रमुख पर्यटन स्थलों में से एक बन चुकी है। इस वर्ष चारधाम यात्रा पर 47 लाख से अधिक श्रद्धालु पहुँच चुके हैं जबकि कांवड़ यात्रा में लगभग 5 करोड़ भक्त शामिल हुए। यह राज्य के बेहतर यात्रा प्रबंधन और प्रशासन के कारण संभव हुआ है।
महिलाओं का सशक्तिकरण
मुख्यमंत्री ने बताया कि महिलाओं को सरकारी सेवाओं में 30 प्रतिशत आरक्षण और सहकारी समितियों में 33 प्रतिशत आरक्षण दिया गया है। महिलाओं के सशक्तिकरण के लिए विभिन्न योजनाएँ भी लागू की गई हैं, जैसे मुख्यमंत्री नारी सशक्तिकरण योजना।
भविष्य का संकल्प
मुख्यमंत्री ने इस बात पर जोर दिया कि विकास का लाभ समाज के प्रत्येक वर्ग तक पहुँचाना है। जन-सेवा, सुशासन और पारदर्शिता के मूल मंत्र के साथ सरकार प्रदेश को विकास के पथ पर आगे बढ़ाने के लिए प्रतिबद्ध है।
स्वतंत्रता दिवस के इस अवसर पर, मुख्यमंत्री ने प्रदेशवासियों से देश को एक आदर्श, विकसित, समृद्ध और आत्मनिर्भर राज्य बनाने में सहयोगी बनने की अपील की है।
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— साक्षी शर्मा, टीम Haqiqat Kya Hai
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